Raj

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@Rajj

Raj shayari collection includes sher, ghazal and nazm available in Hindi and English. Dive in Raj's shayari and don't forget to save your favorite ones.

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  • Sher
  • Ghazal
  • Nazm
आजिज़ हूँ ऐ ख़ुदा ज़बाँ के इख़्तिलाफ़ से
क़ुरआन भी है काफ़ से काफ़िर भी काफ़ से
Raj
ग़म की चिंगारियों को हवा दीजिए
दीजिए दीजिए बद-दुआ दीजिए
Raj
हम एक दूजे का किरदार ही तो जी रहे हैं
मैं अगले साल कोई हूँ तू अगले साल कोई
Raj
अब के रमज़ान खुले राज़ कई रोज़ों के साथ
कम से कम एक क़सम तो मिले खाने के लिए
Raj
तेरे कमरे से बाहर निकलने के बा'द
घर की घड़ियों को उल्टा घुमाया गया
Raj
उस जगह पे इन उजालों ने की होगी ख़ुद-कुशी
जिस जगह मश्कूक हालत में मिला उल्टा दिया
Raj
वो भला शख़्स अलग हो के था रुस्वा मुझ सेे
तो बदलनी पड़ी कब्र उस को मनाने के लिए
Raj
वो दोस्त बन गई है आशना बनाना है
पहाड़ काट दिया रास्ता बनाना है
Raj
नाम का मेरे अलम फ़हराने को बोला गया था
देखते ही देखते सबके दिलों में आ गया मैं
Raj
बदलना गर बुराई का सबब है
तो अपने चेहरे में कालिख़ लगा लो
Raj
इश्क़ ज़ाहिर करने के लाखों तरीक़े होते हैं 'राज'
सब को छोड़ो तुम ये देखो पास की शय कौन सी है
Raj
वो दिल की बातें जब दिल में रखती थी
मैं दिल से करता था तब दिल की बातें

मैं महफ़िल में करता हूँ उस की ही बात
वो मुझ सेे करती है महफ़िल की बातें
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Raj
उस की पाकीज़ा जवानी पर्दे की पाबंद होगी
किस ने सोचा था कि मंदिर में कभी ताले लगेंगे
Raj
वो सब सेे पहला लकड़हारा कौन होगा गर
शजर को काट के कुल्हाड़ियाँ बनाते हैं
Raj
सबने उस के चू
में को चूमा है लेकिन
आख़िर वाले शख़्स ने थोड़े को चूमा है

उस ने महफ़िल में जिस बच्चे को चूमा था
सबने महफ़िल में उस बच्चे को चूमा है
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Raj
सब छतों पे उसी के मकाँ की तरफ़ देखने आते थे
शहर क्या छोड़ा उस शख़्स ने सब को क़िबला बदलना पड़ा
Raj
बस एक दिल की ज़रूरत है हादसे के लिए
हजर हों दो तो ही चिंगारियाँ बनाते हैं
Raj
ग़म को गद-गद करते हैं
आप भी ना, हद करते हैं
Raj
लोग लगाते होंगे अंदाज़े 'राज'
तब दरवाज़े की ईजाद से पहले
Raj
वो मिरी बाहों में बे-फ़िक्र मुलव्विस हुई है
कब्र पे हार कोई फूलों का रक्खा हुआ है
Raj

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